फुकुओका, जापान की 80 प्रतिशत कंपनियों में मानव संसाधन की भारी कमी, हरियाणा के 50 हजार युवाओं को मिलेगा रोजगार का मौका

Date:

spot_img

👉हरियाणा और जापान के फुकुओका प्रीफेक्चर के बीच औद्योगिक निवेश, कौशल विकास एवं मानव संसाधन सहयोग के लिए ‘हरियाणा-फकुओका कनेक्ट-2026’ आयोजित
👉हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य विभाग तथा विदेश सहयोग विभाग के साथ मैराथन बैठक में हुआ मंथन
Haryana News: जापान के फुकुओका में तकनीकी क्षेत्र की 80 प्रतिशत कंपनियों, जिनमें सेमीकंडक्टर, ऑटोमोबाइल, आईटी तथा अन्य निर्माण इकाइयां शामिल हैं, को इस समय तकनीकी रूप से कुशल मानव संसाधन की भारी कमी का सामना करना पड़ रहा है। इस कमी को दूर करने के लिए जापान के फुकुओका प्रीफेक्चर ने हरियाणा सरकार से यहां के युवाओं को उनकी जरूरत के अनुसार तकनीकी रूप से सक्षम बनाने का अनुरोध किया है ताकि अगले पांच साल में यहां के 50 हजार युवाओं को फुकुओका प्रीफेक्चर में रोजगार उपलब्ध करवाकर मानव संसाधन की कमी को दूर किया जा सके।हरियाणा सरकार और जापान के फुकुओका प्रीफेक्चर के बीच औद्योगिक निवेश, कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा तथा मानव संसाधन विकास के क्षेत्र में सहयोग को और सुदृढ़ बनाने की दिशा में सोमवार को हरियाणा निवास, चंडीगढ़ में ‘हरियाणा-फकुओका कनेक्ट-2026’ के अंतर्गत उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में फुकुओका प्रीफेक्चर सरकार, फुकुओका इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी तथा उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने हरियाणा सरकार, विश्वविद्यालयों व विभिन्न विभागों के प्रतिनिधियों के साथ विभिन्न विषयों पर मंथन किया।

इसे भी पढ़ें युवा नशे से दूर रखकर विकसित भारत के निर्माण में करें योगदान – कैबिनेट मंत्री कृष्ण कुमार बेदी

बैठक के दौरान हरियाणा और फुकुओका के औद्योगिक पारिस्थितिकी तंत्र, निवेश संभावनाओं, तकनीकी मानव संसाधन तथा शिक्षा क्षेत्र में सहयोग के विभिन्न आयामों पर विस्तृत चर्चा की गई। दोनों पक्षों ने भारतीय युवाओं, विशेषकर हरियाणा के 50 हजार विद्यार्थियों और तकनीकी पेशेवरों के लिए अगले पांच साल में जापान में रोजगार, इंटर्नशिप तथा कौशल विकास के अवसर बढ़ाने पर सहमति व्यक्त की।हरियाणा के विदेश सहयोग विभाग की आयुक्त एवं सचिव श्रीमती अमनीत पी कुमार ने प्रतिनिधिमंडल को हरियाणा सरकार की औद्योगिक नीतियों, निवेश प्रोत्साहन योजनाओं तथा जापानी कंपनियों के लिए विकसित किए जा रहे विशेष औद्योगिक इकोसिस्टम की जानकारी दी। राज्य सरकार ने निवेशकों को त्वरित अनुमतियां, सिंगल विंडो प्रणाली तथा उद्योग-अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने जापान की यात्रा कर विभिन्न क्षेत्रों में आपसी सहयोग से विकास की प्रतिबद्धता जाहिर की थी। इसके साथ ही जापान के साथ आपसी समन्वय माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत-2047 की परिकल्पना को साकार करने की दिशा में भी मील का पत्थर साबित होगा। उन्होने बताया कि हरियाणा और जापान को इतिहास, सांस्कृतिक विरासत के क्षेत्र में भी आदान-प्रदान की जरूरत है ताकि दोनों क्षेत्र एक-दूसरे को अच्छी प्रकार समझ सकें। उन्होंने ग्रीन जॉब्स तथा ग्रीन फ्यूल्स आदि क्षेत्रों में भी मिलकर कार्य करने की जरूरत पर बल दिया।हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य विभाग के आयुक्त एवं सचिव डॉ. अमित कुमार अग्रवाल ने कहा कि हरियाणा और फुकुओका के बीच सहयोग को संस्थागत स्वरूप देने के लिए ‘हरियाणा सकुरा वर्किंगग्रुप’ का गठन किया गया है जिसके माध्यम से फुकुओका आधारित कंपनियों और संस्थानों की सहायता के लिए एक ‘समर्पित हेल्प डेस्क’ भी स्थापित की गई है।

इसे भी पढ़ेंहरियाणा में अग्नि सुरक्षा को लेकर चलेगा व्यापक अभियान

उन्होंने कहा कि हरियाणा में निवेश करने वाली कंपनियों के लिए विभिन्न प्रकार की अनुमतियों के लिए सिंगल विंडो सिस्टम लागू किया गया है।उन्होंने कहा कि हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी फुकुओका की जरूरतों के अनुरूप तकनीकी रूप से सक्षम युवाओं को तैयार करने में व्यक्तिगत दिलचस्पी ले रहे हैं ताकि हरियाणा के अधिक से अधिक युवाओं को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर रोजगार के अवसर मिल सकें। उन्होंने कहा कि विदेश सहयोग विभाग के माध्यम से तथा एचकेआरएन के सहयोग से हरियाणा के उच्च शिक्षा संस्थान और विश्वविद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को फुकुओका में मानव संसाधन की कमी की पूर्ति करने का अवसर मिलेगा। उन्होंने बताया कि हरियाणा के शिक्षण संस्थानों में फुकुओका की जरूरत के अनुसार जापानी भाषा तथा अन्य तकनीकी शिक्षा के नए कोर्स भी शुरू किए जाएंगे।विदेश सहयोग विभाग के महानिदेशक श्री अशोक कुमार मीणा ने कहा कि विदेशी कंपनियों की मदद के लिए विदेश सहयोग विभाग निरंतर कार्य कर रहा है और तकनीकी रूप से पारंगत मानव संसाधन उपलब्ध करवाने के लिए विभाग फुकुओका के साथ मिलकर कार्य करेगा। उन्होंने संस्कृति, विरासत और अध्यात्म के क्षेत्र में इको-सिस्टम तैयार करने, सिस्टर सिटी तथा इको-टाउन मॉडल विकसित करने की दिशा में मिलकर कार्य करने की जरूरत पर बल दिया।विदेश सहयोग विभाग में मुख्यमंत्री के सलाहकार श्री पवन कुमार चौधरी ने गुरुग्राम में फुकुओका इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के एक परिसर की स्थापना की संभावनाओं का प्रस्ताव रखा, ताकि हरियाणा और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में निवास कर रहे जापानी पेशेवरों तथा उनके परिवारों की शैक्षणिक आवश्यकताओं को पूरा किया जा सके।

इसे भी पढ़ेंनशे की रोकथाम के लिए ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में बनेगी ज्वाइंट टास्क फोर्स: मुख्यमंत्री

उन्होंने कहा कि हरियाणा अंतरराष्ट्रीय उच्च शिक्षण संस्थानों के लिए एक पसंदीदा गंतव्य के रूप में उभर रहा है। गुरुग्राम में यूनिवर्सिटी ऑफ साउथैम्पटन के परिसर की स्थापना राज्य के उच्च शिक्षा क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। श्री चौधरी ने कहा कि हरियाणा में किसी प्रतिष्ठित जापानी शैक्षणिक संस्थान की उपस्थिति न केवल दोनों क्षेत्रों के बीच शैक्षणिक सहयोग को मजबूत करेगी, बल्कि अनुसंधान साझेदारियों, संकाय आदान-प्रदान, उद्योग-शिक्षा जगत सहयोग तथा वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी प्रतिभा विकसित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।दोनों पक्षों ने विश्वविद्यालयों के बीच अकादमिक सहयोग, संयुक्त अनुसंधान, छात्र एवं फैकल्टी एक्सचेंज कार्यक्रम तथा तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में दीर्घकालिक साझेदारी विकसित करने की आवश्यकता पर बल दिया। फुकुओका इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी ने हरियाणा के विद्यार्थियों के लिए अध्ययन एवं शोध के अवसरों पर भी प्रस्तुति दी।इस अवसर पर हरियाणा के विभिन्न विश्वविद्यालयों, उच्च शिक्षा विभाग, एचकेआरएन तथा विदेश सहयोग विभाग सहित अन्य विभागों के प्रतिनिधियों ने भी अपने विचार साझा किए और जापानी प्रतिनिधिमंडल के साथ भविष्य में मिलकर कार्य करने की संभावनाओं पर प्रसन्नता व्यक्त की। बैठक से पूर्व फुकुओका प्रतिनिधिमंडल और विभिन्न विश्वविद्यालयों के बीच द्विपक्षीय चर्चा भी आयोजित की गई, जिसमें सहयोग की संभावनाओं पर विचार-विमर्श किया गया। कार्यक्रम का समापन भविष्य की कार्ययोजना तय करने तथा सहयोग को समयबद्ध तरीके से आगे बढ़ाने की सहमति के साथ हुआ।बैठक में हरियाणा के विदेश सहयोग विभाग की आयुक्त एवं सचिव श्रीमती अमनीत पी कुमार, उद्योग एवं वाणिज्य विभाग के आयुक्त एवं सचिव डॉ. अमित कुमार अग्रवाल, विदेश सहयोग विभाग के महानिदेशक श्री अशोक कुमार मीणा, उद्योग एवं वाणिज्य विभाग के महानिदेशक श्री यश गर्ग, विदेश सहयोग विभाग में मुख्यमंत्री के सलाहकार श्री पवन कुमार चौधरी, फुकुओका प्रीफेक्चरल सरकार के अंतरराष्ट्रीय मामलों के कार्यकारी निदेशक श्री शोजी हिरानो, अंतरराष्ट्रीय नीति प्रभाग के निदेशक श्री हिसाशी कागे, वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के उप महानिदेशक श्री शिन्या नाकानो, तकनीकी मानव संसाधन विकास प्रभाग के निदेशक श्री मनाबु हिराता, फुकुओका इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के वरिष्ठ अधिकारियों सहित हरियाणा के विभिन्न विश्वविद्यालयों के कुलपति, प्रतिनिधि, उच्चतर शिक्षा विभाग सहित अन्य विभागों के अधिकारी भी उपस्थित रहे।

👉नवीनतम समाचार पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें।

Whatsapp Channel 👉 🛑https://whatsapp.com/channel/0029VbBYZTe89inflPnxMQ0A

Whatsapp Group👉 🛑https://chat.whatsapp.com/EK1btmLAghfLjBaUyZMcLK

Telegram Channel👉 🛑https://t.me/punjabikhabarsaarwebsite

समाचार और विज्ञापनों के लिए, हमारे व्हाट्सएप नंबर +91 98786-15057 पर संपर्क करें

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

spot_img
spot_img

Share post:

Popular

More like this
Related

ਪੰਜਾਬ ‘ਚ ਭਿਆਨਕ ਸੜਕ ਹਾਦਸਾ; ਭਾਰਤੀ ਫ਼ੌਜ ਦੇ ਜਵਾਨ, ਪਤਨੀ, ਮਾਂ ਤੇ ਮਾਸੂਮ ਪੁੱਤਰ ਦੀ ਹੋਈ ਮੌ*ਤ

Jalandhar/Hoshiarpur News: ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਵਿਚ ਸੋਮਵਾਰ ਤੜਕਸਾਰ ਵਾਪਰੇ ਇੱਕ...

यमुना जल परियोजना को लेकर हरियाणा और राजस्थान के बीच हुआ एमओयू

👉केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह की अध्यक्षता में...